माफियाओं को नाश्ते में खाने वाले मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ के घर से POCSO का आरोपी गिरफ्तार!

rajyavardhan singh rathore

जयपुर : माफियाओं को नाश्ते में खाने वाले मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ के घर से पुलिस ने POCSO एक्ट के मामले में आरोपी व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. शुक्रवार को राजस्थान सरकार में कैबिनेट मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ के सिरसी रोड स्थित पांच्यावाला के आवास पर तैनात एक कर्मचारी को उत्तर प्रदेश पुलिस ने पॉक्सो एक्ट के मामले में गिरफ्तार किया और उसे अपने साथ यूपी ले गई. उत्तर प्रदेश पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी रामरतन फिलहाल जयपुर में मंत्री के सरकारी आवास पर काम कर रहा है. POCSO एक्ट में 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के साथ यौन उत्पीड़न और शोषण से संबंधित मामलों को दर्ज किया जाता है. जानकारी के मुताबिक़ आरोपी कर्मचारी रामरतन के खिलाफ उत्तर प्रदेश में पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज है. एक बार मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ का यह वीडियो देखिए.

राज्यवर्धन सिंह राठौड़, जो मंचों पर माफियाओं को “नाश्ते में खाने” की हुंकार भरते हैं, आज खुद अपने घर के आंगन में घिरे नजर आते हैं, जहां से POCSO जैसे जघन्य अपराध का आरोपी गिरफ्तार हुआ है।यह कैसी अजीब विडंबना है कि माफियाओं को ढूँढ ढूँढ कर निकालने की बात करने वाले, माफियाओं को गड्ढे से खोद कर बाहर निकालने की बात करने वाले मंत्री जी अपने ख़ुद के घर में काम कर रहे POCSO के आरोपी को नहीं ढूँढ पाए. 

यह घटना उनके बड़बोले दावों की पोल खोलती है और उनकी नैतिकता पर एक करारा तमाचा है। एक तरफ वे अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की बात करते हैं, दूसरी तरफ उनके अपने घर से इतने गंभीर मामले का आरोपी पकड़ा जाना उनकी विश्वसनीयता को तार-तार करता है। यह कोई छोटा-मोटा अपराध नहीं, बल्कि बच्चों के खिलाफ यौन शोषण से जुड़ा मामला है, जिसे सभ्य समाज में कभी स्वीकार नहीं किया जा सकता. 

अब यह  सवाल उठता है कि क्या उनकी माफियाओं को “नाश्ते में खाने” की बातें सिर्फ जनता को गुमराह करने का जुमला थीं? अपने घर में ऐसे आरोपी को पनाह देना, या फिर उसकी मौजूदगी से अनजान रहना, उनकी सतर्कता और नेतृत्व क्षमता पर गहरे सवाल उठाता है। क्या यह उनकी लापरवाही है, या फिर जानबूझकर चुप्पी साधे हुए हैं ? एक जिम्मेदार मंत्री होने के नाते उन्हें यह स्पष्ट करना चाहिए कि उनके घर में एक POCSO आरोपी कैसे और क्यों मौजूद था। अगर वे ऐसा नहीं करेंगे, तो उनके सारे दावे और वादे खोखले साबित होंगे, और जनता का उन पर से भरोसा उठ जाएगा। यह समय है कि राज्यवर्द्धन सिंह राठौड़ अपनी जिम्मेदारी लें, न कि बहाने बनाएं। मंत्री जी, माफियाओं को नाश्ते में खाने की बात छोड़ें, पहले अपने घर की सफाई करें! 

Golden Hind Desk