दोनों जिलों को पीने का पानी सप्लाई करने वाले बीसलपुर बांध में पानी की आवक शुरू हो गई जयपुर, अजमेर के लिए राहत की खबर,बीसलपुर बांध में बढ़ने लगा पानी
Tuesday, 24 Jun 2025 13:00 pm

Golden Hind News

जयपुर और अजमेर की जनता के ​लिए अच्छी खबर है। दोनों जिलों को पीने का पानी सप्लाई करने वाले बीसलपुर बांध में पानी की आवक शुरू हो गई। मानसून के इस सीजन में पहली बार त्रिवेणी नदी बहना शुरू हो गई, जिससे बांध का गेज आज 3 सेमी. तक बढ़ गया। बांध में पानी की सप्लाई इस सीजन में पहली बार त्रिवेणी नदी से हुई है। इस समय ​त्रिवेणी नदी 2.40 मीटर के गेज पर बह रही है। इंजीनियरों के मुताबिक कुछ दिनों से लगातार बीसलपुर के कैचमेंट एरिया और भीलवाड़ा, सिरोही, राजसमंद, अजमेर में हो रही लगातार बारिश से नदी बहनी शुरू हो गई।  बीते कुछ दिनों से हो रही लगातार बारिश का असर अब साफ दिखाई देने लगा है। जयपुर और अजमेर जिलों की प्यास बुझाने वाले बीसलपुर बांध में आखिरकार पानी की आवक शुरू हो गई है। यही नहीं, इस सीजन में पहली बार त्रिवेणी नदी में भी जल प्रवाह देखने को मिला है, जो पूरे क्षेत्र के लिए एक शुभ संकेत माना जा रहा है।

बांध में पानी का स्तर धीरे-धीरे बढ़ रहा
बीसलपुर कैचमेंट एरिया में हाल ही में अच्छी बारिश हुई है। इस कारण बांध में पानी का स्तर धीरे-धीरे बढ़ रहा है। रविवार रात और सोमवार सुबह तक जलस्तर में करीब 30 से 40 सेंटीमीटर का इजाफा हुआ है।बांध का जलस्तर अब करीब 312.50 आरएल मीटर तक पहुंच चुका है, जबकि इसकी कुल भराव क्षमता 315.50 मीटर है। यानी अब बांध में लगभग 3 मीटर पानी और आ सकता है।

पिछले साल बांध हो गया था फुल

साल 2024 में मानसून सीजन में अच्छी बारिश हुई थी, जिसके कारण बीसलपुर बांध में जबरदस्त पानी की आवक होने से बांध फुल हो गया था। इसके बाद प्रशासन ने इस बांध के गेट खोलकर कुछ दिन तक पानी की निकासी भी की थी। बांध का फुल गेज 315.50 आरएल मीटर तक है।

जयपुर, अजमेर और टोंक में होती है सप्लाई

इस बांध से जयपुर और अजमेर की 90 फीसदी जनता को पीने का पानी सप्लाई होता है। इसके अलावा टोंक के कुछ एरिया में पीने के पानी की सप्लाई के अलावा ज्यादातर पानी यहां सिंचाई के लिए छोड़ा जाता है। जयपुर में ही हर रोज बांध से 450 एमएलडी से ज्यादा पानी सप्लाई किया जाता है।

 त्रिवेणी नदी में आया बहाव
बीसलपुर बांध में पानी आने के साथ ही त्रिवेणी नदी, जो बांध से पानी छोड़ने पर बहती है, अब खुद ही बहने लगी है। यह नदी सीजन में पहली बार बहना शुरू हुई है। आमतौर पर यह नदी तभी बहती है जब या तो भारी बारिश हो या बांध से पानी छोड़ा जाए। लेकिन इस बार बारिश इतनी प्रभावशाली रही कि बिना बांध के दरवाजे खोले ही नदी में स्वतः प्रवाह शुरू हो गया।

 जयपुर–अजमेर वालों को फायदा
जयपुर, अजमेर, टोंक जैसे शहरों में पीने के पानी की व्यवस्था बीसलपुर बांध से ही होती है। पिछले कुछ महीनों से बांध में पानी की मात्रा लगातार कम हो रही थी, जिससे भविष्य की जल आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ रही थी। लेकिन अब पानी की आवक से कम से कम 2–3 महीने तक पीने के पानी की कोई किल्लत नहीं होगी। अगर बारिश का सिलसिला यूं ही जारी रहा, तो यह संकट पूरी तरह टल सकता है।

 प्रशासन अलर्ट पर
जल संसाधन विभाग की टीम बांध पर नजर बनाए हुए है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 3–4 दिन और बारिश की संभावना है, जिससे जलस्तर और बढ़ सकता है। जरूरत पड़ने पर बांध के गेट खोले जा सकते हैं, जिससे त्रिवेणी नदी और तेज बहने लगेगी।