
राजस्थान सरकार की महत्वपूर्ण पहल वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के तहत मंगलवार को जयपुर के दुर्गापुरा रेलवे स्टेशन से रामेश्वरम-मदुरई के लिए विशेष ट्रेन को रवाना किया गया। इस अवसर पर देवस्थान मंत्री जोराराम कुमावत ने हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया और यात्रा पर जा रहे वरिष्ठ नागरिकों से मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया।
मंत्री ने जानकारी देते हुए बताया कि यह ट्रेन वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना-2025-26 के तहत संचालित अंतिम ट्रेन है। इस यात्रा में जयपुर, कोटा और भरतपुर संभाग के कुल 990 वरिष्ठ नागरिक भाग ले रहे हैं, जो देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन करेंगे।
इस विशेष ट्रेन में कुल 990 वरिष्ठ नागरिकों को शामिल किया गया है। इनमें से 400 यात्री दुर्गापुरा रेलवे स्टेशन (जयपुर) से, 120 यात्री सवाई माधोपुर से और 470 यात्री कोटा रेलवे स्टेशन से सवार हुए।
इस योजना का उद्देश्य राज्य के वरिष्ठ नागरिकों को देश के प्रमुख तीर्थ स्थलों के दर्शन कराना और उन्हें धार्मिक एवं आध्यात्मिक अनुभव प्रदान करना है। यात्रियों के लिए सभी आवश्यक सुविधाओं का भी विशेष ध्यान रखा गया है, ताकि उनकी यात्रा सुरक्षित और आरामदायक रहे।
यह ट्रेन 2 अप्रैल को रामेश्वरम पहुंचेगी, जहां श्रद्धालुओं का एक दिन का ठहराव रहेगा। इस दौरान उन्हें हिंदू धर्म के प्रमुख चार धामों में से एक रामनाथस्वामी मंदिर के दर्शन कराए जाएंगे, जो 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है।
इसके अलावा यात्रियों को धनुष्कोडी में स्थित रामसेतु से जुड़े धार्मिक स्थल भी दिखाए जाएंगे। यहां समुद्र में तैरते पत्थरों की मान्यता को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष आस्था है, जिसे देखने के लिए हर साल बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं।
रामेश्वरम यात्रा के बाद यात्रियों को मदुरई ले जाया जाएगा, जहां उन्हें प्रसिद्ध मीनाक्षी अम्मन मंदिर के दर्शन कराए जाएंगे। यह मंदिर दक्षिण भारत के सबसे प्रसिद्ध और भव्य मंदिरों में से एक है, जो अपनी वास्तुकला और धार्मिक महत्व के लिए जाना जाता है।
इस यात्रा के बाद ट्रेन 7 अप्रैल को वापस जयपुर पहुंचेगी, जिससे वरिष्ठ नागरिकों की यह धार्मिक यात्रा पूर्ण होगी।
देवस्थान मंत्री जोराराम कुमावत ने बताया कि बजट घोषणा 2025-26 के तहत अब तक 56 विशेष ट्रेनों के माध्यम से लगभग 50 हजार वरिष्ठ नागरिकों को देशभर के विभिन्न तीर्थ स्थलों की यात्रा कराई जा चुकी है।
इसके अलावा, 83 विशेष उड़ानों के जरिए करीब 6 हजार वरिष्ठ नागरिकों को नेपाल स्थित पशुपतिनाथ मंदिर के दर्शन भी कराए गए हैं। यह योजना राज्य सरकार की सबसे लोकप्रिय और सफल योजनाओं में से एक बन चुकी है।
मंत्री ने बताया कि अब वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना-2026 के लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इसके तहत जल्द ही ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू की जाएगी और अधिक से अधिक वरिष्ठ नागरिकों को इस योजना से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
उन्होंने विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आवेदन प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया जाए, ताकि हर पात्र व्यक्ति को इस योजना का लाभ मिल सके।
यह योजना केवल एक यात्रा कार्यक्रम नहीं है, बल्कि समाज के वरिष्ठ नागरिकों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता और सम्मान का प्रतीक है। जीवन के इस पड़ाव पर पहुंच चुके लोगों को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराने से उन्हें मानसिक शांति और संतुष्टि मिलती है।
योजना के माध्यम से सरकार वरिष्ठ नागरिकों के जीवन में खुशियां और सकारात्मक ऊर्जा लाने का प्रयास कर रही है।
जयपुर से रामेश्वरम के लिए रवाना हुई यह विशेष ट्रेन न केवल एक धार्मिक यात्रा है, बल्कि यह राज्य सरकार की जनकल्याणकारी सोच का भी प्रतीक है। देवस्थान मंत्री जोराराम कुमावत के नेतृत्व में संचालित यह योजना हजारों वरिष्ठ नागरिकों के लिए आस्था और आनंद का माध्यम बन चुकी है।
आने वाले समय में भी इस योजना के जरिए अधिक से अधिक लोगों को तीर्थ यात्रा का अवसर मिलेगा और यह पहल समाज में सकारात्मक प्रभाव डालती रहेगी।